अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव की विश्व स्तरीय पहचान बनाने के लिए गठित होगी अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव समिति:मनोहर

गीता स्थली ज्योतिसर में विश्व स्तरीय संग्रहालय का निर्माण खर्च होगा 205.58 करोड़ रुपए, ज्योतिसर में ही करीब 13 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित हुआ भगवान श्रीकृष्ण का विराट स्वरूप, कुरुक्षेत्र के 75 तीर्थों पर 2023 तक करवाएं जाएंगे विकास कार्य, कुरुक्षेत्र नगर के प्रमुख मार्गों पर बनाएं जाएंगे स्वागत द्वार, गीता महोत्सव को लेकर एक गीत किया रिलीज समय की ताकत / संजीव बंसल कुरुक्षेत्र, मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव की विश्व स्तरीय पहचान बनाने के लिए शीघ्र ही अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव समिति का गठन किया जाएगा। इस समिति को पंजीकृत करवाया जाएगा और यह समिति ही आने वाले समय में अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव का आयोजन करेगी। इस समिति का राज्य सरकार, प्रशासन और कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड सहयोग करेगा। मुख्यमंत्री मनोहर लाल बुधवार को अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव 2021 को लेकर ब्रह्मïसरोवर पुरूषोत्तमपुरा बाग में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इससे पहले मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव को लेकर तैयार किए गए गीत को रिलीज किया। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव को और अधिक भव्य स्वरूप देने के लिए जल्द ही अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव समिति का गठन किया जाएगा। इस समिति को आयोजन या स्वागत समिति भी कहा जा सकता है। इस समिति में सरकार, प्रशासन और केडीबी भी अपना सहयोग करेगी। इस कमेटी को बकायदा पंजीकृत करवाया जाएगा। इस कमेटी के माध्यम से ही अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव का आयोजन किया जाएगा ताकि देश-विदेश में यह महोत्सव और अधिक ख्याति प्राप्त कर सके। उन्होंने कहा कि 48 कोस कुरुक्षेत्र भूमि के 30 तीर्थो को कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड की सूचि में शमिल किया जा रहा है। इससे तीर्थों की संख्या 134 से बढक़र 164 हो जाएगी। कुरुक्षेत्र नगर के प्रमुख मार्गों पर स्वागत द्वार भी बनाएं जाएंगे। कुरुक्षेत्र के 75 तीर्थों पर 15 अगस्त 2023 तक विकासात्मक कार्य करवाएं जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार कुरुक्षेत्र के विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। केन्द्र सरकार पर्यटन मंत्रालय की स्वदेश दर्शन योजना के तहत कुरुक्षेत्र को श्रीकृष्णा सर्किट में शामिल किया गया। इस योजना के तहत ब्रह्मïसरोवर, नरकतारी, ज्योतिसर, सन्निहित सरोवर और शहर के विकास कार्य करवाएं गए और इन विकास कार्यों पर तकरीबन 97.35 करोड रुपए का बजट खर्च किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गीता स्थली ज्योतिसर में 13 करोड़ 63 लाख रुपए की लागत से भगवान श्रीकृष्ण का 40 फीट ऊंचा विराट स्वरूप बनाया गया है। इसके अलावा ज्योतिसर में ही महाभारत थीम भवन का निर्माण करीब 2 एकड भूमि पर किया जा रहा है और यह निर्माण 80 प्रतिशत पूरा किया जा चुका है। यह प्रोजेक्ट देश का मुख्य आकर्षण का केन्द्र बनेगा, इस महाभारत थीम भवन में महाभारत के दृश्य को आधुनिक मल्टीमीडिया प्रणाली से दर्शया जाएगा। इस प्रोजेक्ट के लिए राज्य सरकार ने 205.58 करोड रुपए की राशि स्वीकृत की है। उन्होंने कहा कि ब्रह्मïसरोवर को भारत सरकार के पेयजल और स्वच्छता मंत्रालय द्वारा स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत तीसरे चरण में देश के 30 प्रतिष्ठिïत धार्मिक सूचि में शामिल किया गया है। इस ब्रह्मïसरोवर को स्वच्छ आईकोनिक स्थल कार्यक्रम के लिए चयनित किया गया है। कुरुक्षेत्र धर्मक्षेत्र को भगवान श्रीकृष्ण की नगरी मथुरा और धार्मिक स्थल हरिद्वार से जोडने के लिए ट्रेन भी चलाई गई है। इस मौके पर गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद, हरियाणा के खेल एवं युवा मामले मंत्री संदीप सिंह, सांसद नायब सिंह सैनी, विधायक सुभाष सुधा, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव एवं सूचना जनसम्पर्क एवं भाषा विभाग के महानिदेशक डा. अमित अग्रवाल, अंतर्राष्टï्रीय गीता महोत्सव के नोडल अधिकारी एवं केडीबी के सदस्य सचिव विजय दहिया, हरियाणा कला एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग के प्रधान सचिव डी सुरेश, अम्बाला मंडल की आयुक्त रेणू फुलिया, उपायुक्त मुकुल कुमार, निदेशक प्रतिमा चौधरी, केडीबी के मानद सचिव मदन मोहन छाबडा, भाजपा के जिला अध्यक्ष राजकुमार सैनी आदि उपस्थित थे।