नया साल सबके लिए लाए एक नई बहार


नया साल आज है आया

ढेर सारी उम्मीदें हैं  लाया

बीते वर्ष से मिले दुखों को छोड़ 

आओ चलें फिर एक नई मंजिल की ओर 


माना 2020 ने  हमें है बहुत रुलाया

पर  इसने हमें खूब है सिखाया

सच्चा जीवन होता है क्या 

इसने हमें बखूबी है समझाया


भूल गए थे हम सब रिश्ते नाते

सुख सुविधाओं के पीछे  हमेशा रहते थे भागते

लॉकडाउन ने हमें खुद से है  खुद को मिलवाया 

भूले  बिसरे  यादों  को  फिर  से  है  जगाया


कोरोना ने  पूरे  विश्व में  तबाही है  फैलाया

पर हम सबको अपने परिवार के करीब है लाया 

अपनों से बढ़कर कुछ नहीं है दुनिया में 

यह पाठ हम सबको है पढ़ाया


रौशन कहे  होता नहीं कोई साल बुरा

हर फिक्र को तू  हमेशा हँस के उड़ा

नए साल में आओ करें एक नई शुरुआत 

अपने अंदर की बुराइयों को सबसे पहले दे मात


नया साल सबके लिए लाए  एक  नई बहार 

मिलजुल कर हम सबका करें सबकी नैया पार 


 राकेश रौशन