गुहला /चीका, 3 अगस्त ( राजपाल जिंदल ) रक्षा बंधन के दिन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने प्रदेश में बनने वाले नए 11 महिला महाविद्यालयों को वीडियो कांफ्रैंस के माध्यम से खोलने की घोषणा की। अहम पहलू यह है कि जिला को एक नही दो नए महिला महाविद्यालयों की सौगात मिली है। लदाना चक्कू के साथ-साथ राजौंद में भी महिला महाविद्यालय खोला जाएगा। जिला के गांव लदाना -चक्कू के राजकीय वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय में कार्यक्रम का सीधा प्रसारण हुआ और विधायक ईश्वर सिंह ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। इस मौके पर उपायुक्त सुजान सिंह मौजूद रहे।
राजकीय महाविद्यालयों को खोलने की घोषणा करते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि प्रदेश की बेटियों को बचाना है, उन्हें पढ़ाना है और आगे बढ़ाना है। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश की कोई भी बेटी उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए 15 किलोमीटर के दायरे से बाहर न जाए। इन 11 महाविद्यालय के खुलने से किसी भी बालिका को शिक्षा ग्रहण करने के लिए दूर नही जाना होगा, अगर फिर भी कोई क्षेत्र बचता है तो वहां भी महिला महाविद्यालय खोला जाएगा। मुख्यमंत्री ने प्रदेश वासियों को रक्षा बंधन की बधाई व शुभकामनाएं देते हुए रक्षा सूत्र का आह्वïान किया। उन्होंने कहा कि आदिकाल से ही रक्षा बंधन पर्व मनाया जाता है, जोकि भाई-बहन के प्यार को बहुत बड़ा उदाहरण है। आज के दिन ही सरकार द्वारा पर्यावरण संरक्षण हेतू तथा वृक्षों की सुरक्षा के लिए वृक्ष बंधन कार्यक्रम भी चलाया गया है। रक्षा बंधन बहनों का त्यौहार है, जहां नारी की पूजा होती है, वहां देवता निवास करते हैं। पिछले कुछ समय से महिलाओं को बोझ समझकर कन्याओं को गर्भ में ही मारने की भयंकर कुरीति समाज में फैली। प्रकृति ने नई जनरेशन पैदा करने की व्यवस्था दी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा की भूमि से बेटियों को बचाने का आह्वïान वर्ष 2014 में किया था, उस समय हरियाणा का लिंगानुपात 871 था। सरकार द्वारा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ विशेष अभियान के तहत समाज को जागरूक किया गया, जिसके परिणाम स्वरूप प्रदेश का लिंगानुपात 923 तक पहुंच गया है। इसे और आगे बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों पढ़ी-लिखे जन प्रतिनिधियों होने का फैसला लिया गया, जिससे प्रदेश की बेटियों ने आगे आकर अपनी भागीदारी की है। इस व्यवस्था से 33 प्रतिशत से बढ़कर 43 प्रतिशत महिला प्रतिनिधि आगे आई हैं और आने वाले समय में सरकार द्वारा व्यवस्था की गई है कि पंचायती राज संस्थाओं में महिलाओं की भागीदारी 50 प्रतिशत होगी। पढ़ी-लिखी महिला तीन पीढिय़ों को संभाल सकती है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि महिलाओं को उच्च शिक्षा के क्षेत्र में आगे लाया जाए। नई शिक्षा नीति बनाई गई है, जिसमें रोजगार परक शिक्षा देने की व्यवस्था की गई है। विद्यार्थियों का कौशल विकास किया जाएगा, यदि किसी कारणवश विद्यार्थी आगे नही पढ़ सके तो हुनर के साथ वह अपना जीवन यापन कर सकता है। उन्होंने आह्वïान किया कि वृक्ष बंधन हम सबका दायित्व है कि ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाएं, ताकि पर्यावरण स्वस्थ हो और पर्याप्त मात्रा में हमें जीवन यापी आक्सीजन मिल सके। पंचकूला से आयोजित वीडियो कांफ्रैंस में विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता, शिक्षा मंत्री कंवर पाल, केंद्रीय जल शक्ति राज्य मंत्री रतन लाल कटारिया, शिक्षा विभाग के निदेशक बालाजी जोशी आदि मौजूद रहे।
विद्या है अनमोल रत्न जिसके जरिए मिलती है सफलता: विधायक ईश्वर सिंहविधायक ईश्वर सिंह ने लदाना-चक्कू में महिला महाविद्यालय की सौगात देने पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल का आभार प्रकट करते हुए कहा कि विद्या एक अनमोल रत्न है, जिसके माध्यम से बड़ी से बड़ी सफलता प्राप्त की जा सकती है। कोई भी ऊंचा पद शिक्षा को ग्रहण करके ही हासिल किया जा सकता है। ग्रामीण आंचल में सरकार द्वारा महिला महाविद्यालय की सौगात देने से बेटियों को आगे बढऩे का पूरा अवसर मिलेगा। उन्होंने उपस्थित छात्राओं का आह्वïान किया कि अपने से बढ़े उच्चाधिकारी व शिक्षकों से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ें। संघर्ष करें, क्योंकि संघर्ष जितना कठिन होगा, उतनी ही अधिक कामयाबी मिलेगी। विधायक ने कहा कि इस क्षेत्र में महिला महाविद्यालय खुलने से आसपास के लगभग 27 गांवों को सीधा लाभ मिलेगा और बेटियों को शिक्षा के लिए दूर नही जाना होगा। शिक्षण संस्थानों से प्रतिभा को निखारने का अवसर मिलता है और जीवन में उच्च पद के साथ-साथ ख्याति भी प्राप्त होती है। उन्होंने ग्राम पंचायत का भी आभार प्रकट किया, साथ ही कहा कि उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने इस महाविद्यालय के निर्माण में पूरा सहयोग किया है।
शिक्षा से होता है सर्वांगीण विकास : उपायुक्त सुजान सिंहउपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि शिक्षा के माध्यम से व्यक्ति का सर्वांगीण विकास होता है। शिक्षा ग्रहण करने से चाल, ढाल, आचरण में बदलाव आता है और व्यक्ति उन्नति के शिखर पर पहुंचता है। समाज में फैली विभिन्न कुरीतियों को भी शिक्षा की अलख से समाप्त किया जा सकता है। कई बार अभिभावक बेटियों को दूर जाने की वजह से उच्च शिक्षा से वंचित रख लेते हैं। ग्रामीण आंचल में महिला महाविद्यालय खुलने से बेटियों को आगे बढऩे के अवसर मिलेंगे। उन्होंने बेटियों से आह्वïान किया कि अपने आसपास के परिवेश में रहने वाली अन्य बेटियों को भी जागरूक करें और जो सौगात महाविद्यालय के रूप में इस क्षेत्र को मिली है, उसे संजोकर रखे। सभी बच्चे पूरी लग्र से पढ़ें, ताकि अन्य बच्चों को भी आगे बढऩे की प्रेरणा मिले।
विधायक ईश्वर सिंह व उपायुक्त सुजान सिंह ने किया पौधा रोपण, बांधा रक्षा सूत्र विधायक ईश्वर सिंह व उपायुक्त सुजान सिंह ने राजकीय वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय परिसर में वृक्ष बंधन कार्यक्रम के तहत पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए पौधा रोपण किया और लगाए गए पौधों पर रक्षा सूत्र भी बांधा। विधायक ईश्वर सिंह ने कहा कि हम सभी को अधिक से अधिक पौधा रोपण करना चाहिए, ताकि हमारी धरा हरी भरी हो और पर्यावरण स्वच्छ हो। उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि सभी व्यक्ति पौधे लगाने के साथ-साथ उनका संरक्षण भी करें, ताकि आने वाली पीढ़ी के लिए हम प्रकृति की अनमोल देन स्वच्छ वातारण दे सकें। इस मौके पर उपमंडलाधीश शशि वसुंधरा, डीएसपी किशोरी लाल, प्राचार्य ऋषि पाल बेदी, राजेंद्र अरोड़ा ने भी पौधा रोपण किया।
कार्यक्रम में ये रहे मौजूदउपायुक्त सुजान सिंह, उपमंडलाधीश शशि वंसुधरा, डीएसपी किशोरी लाल, प्राचार्य ऋषि पाल बेदी, सरपंच मालक सिंह, रवि तारावाली,जिला शिक्षा अधिकारी शमशेर सिरोही, बीईओ सुदर्शन शर्मा, हरदीप सिंह, बलबीर सिंह, लवजिंद्र सिंह, लखविंद्र सिंह, शमशेर पूनिया, साहब सिंह, कृष्ण डोहर, कुलवंत सिंह, राजेंद्र अरोड़ा, सिमरणजीत सिंह, बलजीत सिंह, विनोद, सुरजीत सिंह, रेशम सिंह, गुरलाल सिंह, हरपिंद्र सिंह, साहब संधु आदि मौजूद रहे।