खाद, बीज व दवाई के सैंपल फेल या निम्र स्तर पर रहने पर संबंधित डीलर, विक्रेता व निर्माता कंपनी के विरूद्ध इन्सैक्टीसाईड एक्ट 1968 के तहत होगी कार्रवाई : उपनिदेशक डॉ. कर्मचंद


कैथल (रवि गोयल ) कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उपनिदेशक डॉ. कर्मचंद ने गुण नियंत्रण अभियान के तहत विभिन्न दुकानों पर जाकर खाद, बीज व दवाई के सैंपल लिए और सभी नमूनों को कीटनाशक प्रयोगशालाओं में टैस्टिंग के लिए भेजा गया। इस टीम में उनके साथ उपमंडल कृषि अधिकारी डॉ. सतीश नारा व सहायक पौधा संरक्षण अधिकारी डॉ. दिनेश शर्मा मौजूद रहे। उपनिदेशक डॉ. कर्मचंद ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य किसानों को उच्च गुणवत्ता के खाद, बीज, व दवाई समय रहते उनकी आवश्यकतानुसार उपलब्ध हो सके। टीम द्वारा 15 दुकानों से खाद के 8 व दवाई के 10 सैंपल लिए। इन सैंपलों को गुणवत्ता जांच हेतू राज्य कीटनाशक प्रयोगशाला व केंद्रीय कीटनाशक प्रयोगशाला में भेजे जाएंगे। यदि लिए गए सैंपल फेल या निम्र स्तर पर रहने पर संबंधित डीलर, विक्रेता व निर्माता कंपनी के विरूद्ध इन्सैक्टीसाईड एक्ट 1968 के तहत कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।